
गुरु पूर्णिमा के पावन पर्व पर मानसरोवर स्थित श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान यज्ञ प्रांगण में स्वास्थ्य और आध्यात्म का अद्भुत संगम देखने को मिला। ‘विश्व मंगलम सेवा संस्थान’ एवं ‘गौमाया’ के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में हजारों श्रद्धालुओं के लिए पूर्णतः तेल-घी रहित (जीरो ऑयल) सात्विक भोजन तैयार कर एक नया विश्व कीर्तिमान स्थापित किया गया।
गौमाया के संस्थापक *डॉ. सीताराम गुप्ता ने जानकारी देते हुए बताया कि संस्थान ने विगत 12 महीनों में 25 वर्ल्ड रिकॉर्ड अपने नाम किए हैं। इसी श्रृंखला को आगे बढ़ाते हुए 13वें महीने में यह 26वाँ वर्ल्ड रिकॉर्ड स्थापित हुआ है, जो अपने आप में एक अनुपम उपलब्धि है।
कथा के मुख्य आयोजक गिरिराज प्रसाद माणक बोहरा ने कहा कि किसी भी श्रीमद्भागवत कथा के दौरान इतने विशाल स्तर पर ‘जीरो ऑयल कुकिंग’ का आयोजन विश्व में पहली बार हुआ है। यह पहल एक निरोगी और स्वस्थ समाज के निर्माण में मील का पत्थर साबित होगी।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डॉ. डी.पी. शर्मा (संयुक्त राष्ट्र यूनेस्को के डिजिटल डिप्लोमेट व लड़ ऑथर एवं स्वच्छ भारत अभियान के ब्रांड एंबेसडर) ने इस अभिनव प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि आदरणीय प्रधानमंत्री मोदी जी के कम तेल-घी उपयोग करने के आह्वान से प्रेरित यह पहल ‘स्वस्थ भारत’ के संकल्प को साकार करने की दिशा में एक क्रांतिकारी कदम है। हम इस पहल और प्रकल्प की सफलता की कहानी पॉलिसी ब्रीफ के माध्यम से उन तक पहुंचाएंगे ताकि इसकी पहल को और राष्ट्रव्यापी बनाया जा सके।
समारोह की अध्यक्षता करते हुए अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त मोटिवेशनल गुरु, मैनेजमेंट विशेषज्ञ एवं गौमाया के मुख्य सलाहकार डॉ. पी.एम. भारद्वाज ने कहा, “वर्तमान समय में दूषित व अत्यधिक तेल युक्त खान-पान के कारण गंभीर बीमारियाँ तेजी से पैर पसार रही हैं। इस प्रकार के जन-जागरण अभियान भारत को पुनः ‘विश्वगुरु’ और ‘सोने की चिड़िया’ के रूप में स्थापित करने में अहम भूमिका निभाएँगे। जीरो ऑयल कुकिंग जैसी स्वस्थ जीवनशैली पूरे विश्व के लिए मार्गदर्शक सिद्ध होगी।”
गेस्ट ऑफ ऑनर के रूप में उपस्थित सेवानिवृत्त आईएफएस अधिकारी अजय गुप्ता ने कहा कि मिलावटी व दूषित तेल-घी के दौर में इतने बड़े पैमाने पर जीरो ऑयल कुकिंग को व्यापक जनस्वीकृति मिलना बेहद उत्साहजनक और ऐतिहासिक है।
इस भव्य आयोजन में वर्ल्ड रिकॉर्ड का आधिकारिक प्रमाणपत्र प्रसिद्ध समाजसेवी एवं उद्योगपति योगेश मित्तल द्वारा पूज्य श्री मदन मोहन जी महाराज के पावन सान्निध्य में प्रदान किया गया। इस ऐतिहासिक महाप्रसाद का निर्माण प्रसिद्ध शेफ समीर गुप्ता एवं राजा मुकीम के कुशल निर्देशन में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम के दौरान मुख्य यजमान राजेश चौधरी, अशोक गुप्ता, संरक्षक ओमप्रकाश (एडवोकेट) सहित हज़ारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे और सात्विक महाप्रसाद ग्रहण किया।










