नई दिल्ली: कर्नाटक के कई जिलों के सैकड़ों छात्र-छात्राओं की नेशनल एलिजिबिलिटी कम एंट्रेंस एग्जाम (नीट) की परीक्षा छूटने की खबर सामने आने के बाद कर्नाटक के सीएम एचडी कुमारास्वामी ने फिर से परीक्षा आयोजित करने की मांग की है. कर्नाटक के सीएम के ऑफिशियल ट्विटर हैंडल से लिखा गया है कि हंपी एक्सप्रेस के 7 घंटे देरी से चलने के कारण उत्तरी कर्नाटक के सैकड़ों छात्र बेंग्लुरु में आयोजित नीट की परीक्षा देने से वंचित रह गए. आखिरी समय में परीक्षा केंद्रों में बदलाव और समन्वय की कमी के कारण छात्रों के बीच भ्रम की स्थिति हो गई. सीएम कुमारास्वामी ने इसे लेकर प्रधानमंत्री नरेंद मोदी, केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल और प्रकाश जावड़ेकर के साथ मानव संसाधन मंत्रालय को ट्वीट कर मामले का संज्ञान लेने की अपील की है. ट्विटर पर लिखा गया है कि आप सभी से अनुरोध है कि इस मामले में दखल दें और सुनिश्चित करें कि जिन छात्रों की नीट परीक्षा छूट गई है, उन्हें फिर से परीक्षा देने का मौका मिले. बता दें कि कई छात्रों ने नीट परीक्षा छूटने को लेकर ट्वीट किया था. ट्वीट में हंपी एक्सप्रेस के देरी से चलने को कारण बताया गया था. सुष्मिता नाम की एक छात्रा ने ट्वीट कर लिखा है कि हुबली से मैसूर जाने वाली हंपी एक्सप्रेस को सुबह 6 बजे बेंग्लुरु पहुंचना था. लेकिन, यह बेंग्लुरु से अब भी करीब 200 किमी दूर है. ट्रेन में करीब 500 छात्र नीट की परीक्षा देने जा रहे हैं. लेकिन ट्रेन के देरी से पहुंचने के कारण हमारी परीक्षा छूट जाएगी. सरकार से हमारा अनुरोध है कि वह हमारे लिए कोई अतिरिक्त व्यवस्था करे. वहीं, इस मामले पर दक्षिण-पश्चिम रेलवे के पीआरओ ने कहा है कि हम मानव संसाधन मंत्रालय को पत्र लिखकर अवगत कराएंगे. उन्होंने कहा कि हम मंत्रालय से कहेंगे कि हंपी एक्सप्रेस में यात्रा कर रहे जिन छात्रों की परीक्षा इसके देरी से चलने के कारण छूटी है, उन्हें फिर से परीक्षा देने का मौका मिले. बता दें कि हंपी एक्सप्रेस काफी देर से बेंग्लुरु पहुंची था, जिसके चलते सैकड़ों छात्रों की नीट परीक्षा छूट गई थी. PLC