Close X
Sunday, November 28th, 2021

जम्‍मू-कश्‍मीर की सुरक्षा पर दिल्ली में मंथन

जम्‍मू-कश्‍मीर में पिछले एक हफ्ते में जिस तरह से टारगेट किलिंग के मामले सामने आए हैं, उसे देखते हुए केंद्र सरकार ने शनिवार को दिल्‍ली में एक उच्‍च स्‍तरीय बैठक बुलाई है. गृहमंत्री अमित शाह  की अध्‍यक्षता में होने वाली इस बैठक में जम्‍मू-कश्‍मीर के उपराज्‍यपाल मनोज सिन्‍हा (Manoj Sinha) भी मौजूद रहेंगे. बैठक में जम्‍मू-कश्‍मीर की सुरक्षा स्थिति पर मंथन किया जाएगा. आतंकी संगठन ‘द रजिस्टेंस ग्रुप’ (The Resistance Front) ने जम्‍मू-कश्‍मीर में हिंदुओं और सिखों को निशाना बनाते हुए हमले तेज कर दिए हैं. इस हफ्ते हुए हमलों में अब तक 7 लोगों की मौत हो चुकी है.
बता दें कि जम्‍मू-कश्‍मीर में पिछले कई दिनों से जिस तरह से आम नागरिकों को निशाना बनाया जा रहा है उसे देखते हुए बैठक में एलजी प्रशासन की ओर से तैयार की गई रणनीति पर चर्चा की जाएगी. बता दें कि गृहमंत्री अमित शाह के गुजरात दौरे से लौटते ही ये बैठक बुलाई गई है. सूत्रों से मिली खबर के मुताबिक इस बैठक में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल तथा गृह सचिव अजय भल्ला भी शामिल होंगे. इसके साथ ही खुफिया एजेंसियों और जम्मू-कश्मीर प्रशासन के अधिकारी भी मौजूद रहेंगे.
 कश्‍मीर में पिछले दो दिनों में जहां पांच नागरिक मारे गए हैं. वहीं इस हफ्ते अब तक 7 लोगों को मौत के घाट उतारा जा चुका है. सात में से चार अल्पसंख्यक हिंदू और सिख समुदाय से थे. इनमें से छह मौतें श्रीनगर में हुई हैं. श्रीनगर के ईदगाह स्थित गवर्नमेंट बॉयज हायर सेकेंडरी स्कूल की प्रिंसिपल सुपिंदर कौर और दीपक चंद की गुरुवार सुबह करीब 11:15 बजे स्कूल परिसर में गोली मारकर हत्या कर दी गई.

आतंकी संगठन लश्कर ए तैयबा का फ्रंट
आतंकी संगठन TRF को पाकिस्तान के आतंकी संगठन लश्कर ए तैयबा का फ्रंट माना जाता है. सूत्रों के मुताबिक बीते दिनों में टीआरएफ के ओवरग्राउंड वर्कर्स पूरी तरह मुख्य काडर में तब्दील हो चुके हैं और लोगों की निशाना बनाकर हत्या कर रहे हैं.

हिंसा की घटनाओं के पैटर्न में आया बदलाव
सूत्रों का कहना है- ‘हम हिंसा की घटनाओं के पैटर्न में बदलाव देख सकते हैं. वो स्पष्ट संदेश देना चाहते हैं कि गैरमुस्लिम समुदायों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. इन आतंकी संगठनों को नए डोमिसाइल एक्ट और नई चुनावी प्रक्रिया से दिक्कत है. ये सॉफ्ट टारगेट पर हमला करते हैं.’ PLC

Comments

CAPTCHA code

Users Comment