आई एन वी सी न्यूज़
लखनऊ
उत्तर प्रदेश के कृषि उत्पादन आयुक्त एवं अध्यक्ष, राज्य औद्यानिक मिशन राजेन्द्र कुमार तिवारी ने निर्देश देते हुये कहा कि जनपदवार आलू, सब्जी एवं फल आदि कृषि उत्पाद के भण्डारण की आवश्यकता एवं वर्तमान भण्डारण क्षमता का आंकलन कराया जाये। उन्होंने कहा कि माली प्रशिक्षण हेतु विभाग के अन्तर्गत संचालित 05 औद्यानिक प्रयोग एवं प्रशिक्षण केन्द्रों को एग्रीकल्चर स्किल काउंसिल आॅफ इण्डिया से अनुमोदित प्रशिक्षण कार्यक्रम के तहत प्रशिक्षण प्राप्त अभ्यर्थियों का अनुश्रवण सुनिश्चित किया जाय। इसके अतिरिक्त प्रदेश के जिन क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य किये जा रहे है, उनके सफलता की कहानियों का विभिन्न माध्यमों से व्यापक प्रचार-प्रसार कराया जाय। जिससे प्रदेश के अन्य किसानों में भी औद्यानिकी के प्रति जागरूकता पैदा हो तथा उनके द्वारा भी नई तकनीकी से औद्यानिक फसलों का उत्पादन करके अधिकाधिक लाभ प्राप्त किया जा सके।

कृषि उत्पादन आयुक्त विगत दिवस एकीकृत बागवानी विकास मिशन योजना की राज्य स्तरीय कार्यपरिषद की 35वीं बैठक में अधिकारियों को निर्देशित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में संरक्षित खेती के कार्यक्रम के प्रति किसानों की रूचि बढ़ रही है। इससे बेमौसमी सब्जी एवं फूलों की खेती करने से सामान्य फसल की तुलना में 4-5 गुना अधिक गुणवत्तायुक्त उत्पादन होगा। इस क्षेत्र में नवयुवकों के द्वारा विशेष रूचि प्रदर्शित की जा रही हैं उनके द्वारा अपने क्षेत्र में स्वरोजगार के साथ-साथ अन्य लोगों को भी रोजगार के अवसर सुलभ कराये जा रहे हैं।

बैठक में राज्य स्तरीय कार्यपरिषद की 34वीं बैठक 12 फरवरी, 2019 में लिए गये निर्णय की पुष्टि एवं अनुपालन की समीक्षा की गयी। बैठक के दौरान निदेशक, उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण डा0 एस0बी0 शर्मा द्वारा कार्य परिषद के समक्ष वर्ष 2019-20 की धनराशि 10361.50 लाख रुपये की कार्य योजना प्रस्तुत की गयी। बैठक में ग्रीन हाउस, शेडनेट हाउस, कोल्ड स्टोरेज की स्थापना एवं राईपेनिंग चैम्बर, रिफर वैन एवं माली ट्रेनिंग के परियोजना प्रस्ताव के सापेक्ष 7098.51 लाख रुपये के अनुदान के प्रस्ताव पर स्वीकृति प्रदान की गयी। उन्होंने कहा कि इन प्रस्तावों के स्वीकृत होने तथा निर्माण पूर्ण होने के उपरान्त फूलों एवं सब्जियों के उत्पादन में वृद्धि होने से प्रदेश के बागवानी विकास को अपेक्षित गति मिलेगी साथ ही भण्डारण क्षमता में अतिरिक्त वृद्धि होगी।

बैठक में शासन स्तर से प्रमुख सचिव, उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण श्री सुधीर गर्ग के अतिरिक्त वित्त, नियोजन, कृषि, पंचायती राज मण्डी विभाग के प्रतिनिधि, भारत सरकार के संस्थानों से केन्द्रीय उपोष्ण बागवानी संस्थान, रहमान खेड़ा, लखनऊ, सीमैप, एन0बी0आर0आई0 लखनऊ, केन्द्रीय आलू अनुसंधान मेरठ तथा राज्य सरकार के विभाग एवं संस्थाओं में से डास्प, राज्य कृषि विश्वविद्यालयों एवं उपकार के पदाधिकारीगणों के साथ ही औद्यानिक उत्पादक श्री डी.के. शर्मा द्वारा प्रतिभाग किया गया।