Maheshkaushik radhey radhey ,gramin vikas youva sanghआई एन वी सी न्यूज़

सांपला,
 जहां नारियों के सम्मान होता है वहां देवता का निवास होता है, और जहां देवता नही वहां सदबुद्वि नही और सदबुद्वि के बिना सभ्य समाज की कल्पना नही हो सकती इसलिये सभ्य समाज के निर्माण के लिए बेटियों का सम्मान जरूरी है। यह बात खंड के गांव भैसरू कलां में ग्रामीण विकास युवा संघ द्वारा आयोजित ग्रामीण प्रतिभा खोज कार्यक्रम में बतौर मुख्यातथि पधारे बाबा कालीदास ने कही। इस अवसर पर बोलते हुए बाबा कालीदास ने कहा कि बेटा चाहे कितना भी योग्य है इतिहास गवाह है  िक वह केवल अपने ही कुल का नाम कर सकता है लेकिन बेटियां दो कुलों का नाम करती है। उन्होंनें नवनिर्वाचित सरपंच मीना देवी को  बेटियों के मान सम्मान की शपथ दिलवाते हुए कहा कि यह अवसर उनके इतिहास लिखने का है क्योंकि स्वयं देष के मुखिया ने इसके बारे सकारत्मक कदम उठाये है। ग्रामीण विकाय युवा संघ द्वारा आयोजित कार्यक्रम में ग्रामीण प्रतिभा को र्इ्रनाम देते हुए गांव की सरपंच मीना देवी ने कहा कि आज की सबसे ज्वलंत समस्या समाज मे लड़कियों के प्रति बढ़ती हिंसा ही है। ये जानते हुए कि स्त्री  के बिना जीवन की कल्पना भी नहीं की जा सकती, ये कार्य निष्पादित किए जा रहे है । घर का चिराग चाहने वालों ने आज तक बेटी को नहीं अपनाया है , क्या ये सत्य नहीं है कि बेटी बिना जीवन कैसे संभव है । आपकी बेटी किसी के घर के चिराग को जन्म देगी ठीक उसी तरह किसी और की बेटी जो आपके घर आई है वो आपके घर का चिराग लाएगी । और ये सिलसिला क्रमानुसार चलता रहेगा । आज सबसे ज्यादा आवश्यकता है कि अपने मस्तिष्क के पट खोले जाएँ । बेटियों को भी जन्म ले कर जीने दिया जाए । उन्होंने कहा कि उनकी पंचायत बेटियों के सम्मान और उनकी षिक्षा के लिए संकल्पबद्व है। इस अवसर पर जेयू एग्रो साईंस के वाईस चेयरमैन डा सत्यजीत सिंह रेढू  व दिल्ली एमसीडी की पूर्व चेयरपर्सन सत्यषर्मा ने भी ग्रामीणों को सम्बोधित किया। इस अवसर कल्ब के प्रधान व अमित कौषिक व सुषील कौषिक ने सभी अतिथियों का शाल भेटकर सम्मान किया। कार्यक्रम में हिंदु कालेज के प्रौेफेसर नरेंद्र कौषिक,मास्टर मोनू ,आषीष, गौरव,विकास कौषिक, गुरूमीत,सहदेव, मुरली,राकेष मान,दिनेष भारद्वाज,कल्लू पहलवान,अमित कौषिक आदि मुख्य रूप से उपस्थित थे।