Close X
Monday, October 26th, 2020

प्रारम्भिक फारेन्सिक रिपोर्ट के मुताबिक राख के ढेर में मानव अवशेष -हडडी के टुकडे़ या अंश नहीं : मायावती

सुरेंदर अग्निहोत्री ,, आई.एन.वी.सी. लखनऊ, बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश की माननीया मुख्यमंत्री सुश्री मायावती जी ने कहा है कि भट्टा परसौल प्रकरण को लेकर विभिन्न पार्टियों द्वारा गैर जिम्मेदाराना बयानबाजी की जा रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के नेता यह बताएं कि किसानों का यह कैसा आन्दोलन था, जिसमें अवैध हथियारों एवं कट्टे आदि का खुलकर प्रयोग किया गया। प्रदेश के मंत्रिमण्डलीय सचिव श्री शशांक शेखर सिंह ने आज यहां लाल बहादुर शास्त्री भवन स्थित मीडिया सेन्टर में मीडिया प्रतिनिधियों के साथ बातचीत के दौरान यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि माननीया मुख्यमंत्री जी का यह भी कहना है कि सम्भवतः विपक्षी पार्टियों द्वारा किसानों की आड़ में गुण्डों, माफियाओं एवं अराजक तत्वों को बचाने एवं अपनी राजनीति चमकाने के लिए ही ऐसी गैर जिम्मेदाराना बयानबाजी की जा रही है। माननीया मुख्यमंत्री जी ने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा कई बार स्पष्ट किया जा चुका है कि भट्टा परसौल का प्रकरण वास्तव में भूमि अधिग्रहण से सम्बन्धित नहीं है। इसके बावजूद विपक्षी नेताओं द्वारा इस घटना को किसानों की जमीन के मुआवजे से जोड़कर भोले-भाले किसानों को गुमराह करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अब इस सच्चाई को जनता भी अच्छी तरह से जान गयी है। माननीया मुख्यमंत्री जी ने कहा कि पूर्व में ही यह स्पष्ट किया जा चुका है कि इस घटना के दौरान बड़ी संख्या में लोगों के मारे जाने तथा महिलाओं से बलात्कार का आरोप पूरी तरह निराधार है। उन्होंने राजनीतिक लाभ प्राप्त करने के इरादे से महिलाओं की गरिमा के साथ किए जा रहे खिलवाड़ को अत्यन्त दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि बलात्कार एवं दुव्र्यवहार के झूठे आरोप लगाकर महिलाओं के मान-सम्मान को ठेस पहंुचायी जा रही है। उन्होंने कहा कि ऐसे झूठे आरोप लगाने वाले लोगों को यह बताना चाहिए कि क्या वे अपनी बहू-बेटियों के बारे में इस तरह का गैर जिम्मेदाराना बयान दे सकते हैं। माननीया मुख्यमंत्री जी ने कहा कि जहां तक राख के ढेर से हड्डी मिलने की बात है, यह आरोप भी पूरी तरह निराधार और गैर-जिम्मेदाराना है। यदि राख के ढेर में हड्डियां होने की अफवाह में कोई दम होता तो निश्चित तौर पर राख के ढेर को वहां से हटा दिया गया होता। इसके बावजूद प्रशासन द्वारा राख के ढेर के नमूनों की फॉरेन्सिक जांच करायी गयी है। प्रारम्भिक जांच रिपोर्ट में मानव अवशेष@हडडी के टुकडे़@अंश नहीं मिले हैं। माननीया मुख्यमंत्री जी ने कहा है कि कांग्रेस पार्टी के कुछ नेताओं ने भट्टा परसौल प्रकरण में 74 लोगों के मारे जाने तथा महिलाओं के साथ बलात्कार होने की बात मीडिया में कहकर सनसनी फैलाने की भरपूर कोशिश की। अब कांग्रेस पार्टी द्वारा यह सफाई दी जा रही है कि उसकी तरफ से ऐसा कुछ कहा ही नहीं गया। उन्होंने कहा कि इस तरह की गैर-जिम्मेदाराना बयानबाजी न कर यदि वाणी में संयम बरता होता तो उचित रहता। माननीया मुख्यमंत्री जी ने कहा कि वर्तमान में भट्टा परसौल में जन-जीवन पूरी तरह से सामान्य है और स्थिति शांतिपूर्ण बनी हुई है। गांव में शान्तिपूर्ण स्थिति के बावजूद जिला प्रशासन द्वारा वहां धारा-144 के तहत निषेधाज्ञा लागू किये जाने के सम्बन्ध में उन्होंने कहा कि गांव में स्थिति पूरी तरह सामान्य हो जाने के पश्चात प्रशासन द्वारा धारा-144 हटा ली गयी थी। लेकिन कांग्रेस पार्टी के लोगों ने वहां पहंुचकर भट्टा परसौल के शान्तिपूर्ण माहौल को बिगाड़ने की कोशिश करने लगे। ऐसी स्थिति में स्थानीय प्रशासन द्वारा लोक शान्ति बनाये रखने के उद्देश्य से धारा-144 पुनः लागू कर दी गयी। उन्होंने कहा कि शायद कांग्रेस पार्टी के लोगों को यह जानकारी नहीं है कि धारा-144 के तहत किसी के आने-जाने पर कोई रोक नहीं है, केवल भीड़ के एकत्र होने पर ही प्रतिबन्ध है। माननीया मुख्यमंत्री जी ने कहा कि यह प्रतिबन्ध भी इसलिए है ताकि असामाजिक व आपराधिक तत्व मौके का फायदा उठाकर गांव में अमन-चैन का माहौल खराब करने का प्रयास न कर सकें। इसको दृष्टिगत रखते हुए सरकार द्वारा प्रशासनिक स्तर पर पूरी सावधानी बरती जा रही है। माननीया मुख्यमंत्री जी ने कहा कि भट्टा परसौल में कायम शान्तिपूर्ण स्थिति की पुष्टि इस बात से भी हो जाती है कि तमाम मीडिया के लोग बेरोक-टोक गांव जा रहे हैं। उनका यह भी कहना है कि इस गांव की घटना विपक्षियों की साजिश थी और वह सरकार की छवि धूमिल करने के लिए मुआवजे की आड़ में किसानों को भ्रमित करने की कोशिश में लगे थे। माननीया मुख्यमंत्री जी ने कहा कि यदि कांग्रेस के लोगों को किसानों की इतनी ही चिन्ता है, तो उन्हंे अपनी पार्टी की सरकार द्वारा शासित महाराष्ट्र के जैतापुर में परमाणु बिजली घर, उड़ीसा में पास्को तथा महाराष्ट्र में ही नवी मुम्बई में इण्टरनेशनल एयरपोर्ट बनाने केे लिए छीनी जा रही लाखों हेक्टेअर भूमि को बचाकर किसानों के हितों की रक्षा करनी चाहिए। व्यर्थ के मुद्दों पर कांग्रेस के नेताओं को अपनी ऊर्जा खर्च करने के बजाए, इसका सदुपयोग भूमि अधिग्रहण विधेयक को पारित कराने के लिए करना चाहिए। माननीया मुख्यमंत्री जी ने कहा कि बी0एस0पी0 ने पहले ही स्पष्ट कर दिया है कि यदि संसद के मानसून सत्र में यू0पी0ए0 सरकार भूमि अधिग्रहण कानून में संशोधन अथवा नया कानून पारित नहीं कराती है, तो बी0एस0पी0 संसद का घेराव करके केन्द्र सरकार को नया कानून बनाने के लिए बाध्य करेगी। उन्होंने कहा कि भूमि अधिग्रहण को लेकर देश के विभिन्न हिस्सों में विवाद खड़े होते रहते हैं। इसके बाद भी केन्द्र सरकार द्वारा अभी तक कोई ठोस कार्यवाही न किया जाना बेहद निराशाजनक है। भट्टा परसौल प्रकरण को लेकर विभिन्न पार्टियों द्वारा की जा रही बयानबाजी को गैर जिम्मेदाराना राजनीतिक लाभ के इरादे से महिलाओं की गरिमा के साथ किया जा रहा खिलवाड़ अत्यन्त दुर्भाग्यपूर्ण उत्तर प्रदेश में विपक्षी पार्टियों की सभी सरकारें जो कार्य पिछले 40 वर्षां में नहीं कर पायीं, उसे बी0एस0पी0 सरकार ने 04 वर्ष में करके दिखाया !चीनी मिलों की बिक्री में पारदर्शिता बरतते हुए ओपन बिडिंग के माध्यम से कार्यवाही की गयी ! उत्तर प्रदेश सरकार पर विकास में बाधा पहुंचाने का आरोप आधारहीन, राज्य सरकार ने सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय की नीति पर सभी वर्गों का पूरा ध्यान रखा माननीया मुख्यमंत्री जी ने कहा कि कांग्रेस के कुछ लोगों द्वारा राज्य सरकार पर सरकारी जमीन लूटने सम्बन्धी आरोप लगाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि घोटालों एवं लूट-खसोट से देश को खोखला करने वाली कांग्रेस पार्टी के लोगों को दूसरे पर आरोप लगाने से पहले अपने कारनामों को जरूर याद कर लेना चाहिए। इस तरह के तथ्यहीन बयान देने से पहले यह देख लेना चाहिए कि आजादी के बाद केन्द्र व ज्यादातर राज्यों में कांग्रेस पार्टी का शासन रहा है। इस दौरान भ्रष्टाचार और सरकारी धन की लूट के अनेक मामले सामने आए हैं, जिसकी बदौलत यह कहा जा सकता है कि घोटाले और कांग्रेस एक-दूसरे के पूरक हैं। राष्ट्रीय अध्यक्ष ने वर्तमान यू0पी0ए0 सरकार के कार्यकाल में अंजाम दिये गये विभिन्न घोटालों की चर्चा करते हुए कहा कि राष्ट्र मण्डल खेलों के अरबों रूपये के घोटाले की वजह से अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर देश की साख को बट्टा लगा। इसी तरह 1 लाख 76 हजार करोड़ रूपये के 2-जी स्पैक्ट्रम घोटाला, एस बैण्ड घोटाला तथा कारगिल शहीदों के आश्रितों को आवास देने के नाम पर मुम्बई का आदर्श सोसाइटी घोटाला कांग्रेस सरकार के भ्रष्टाचार की कहानी स्वयं बयान करते हैं। उन्होंने कहा कि यू0पी0ए0 सरकार दोहरे कराधान एवं द्विपक्षीय संधि का बहाना लेकर विदेशों में जमा कालेधन को वापस लाने के लिए न तो कोई कार्यवाही कर रही है और न ही इस सम्बन्ध में संसद में कोई विधेयक ही लायी है। माननीया मुख्यमंत्री जी ने कहा कि परिवारवाद को लेकर बी0एस0पी0 सरकार पर आरोप लगाने वालों को यह जान लेना चाहिए कि समस्त राजनीतिक दलों में बी0एस0पी0 ही इकलौती ऐसी पार्टी है, जिसके सर्वाेच्च नेता अपने परिवार को दूर रखते हैं। उन्होंने इस सम्बन्ध में बी0एस0पी0 के संस्थापक एवं जन्मदाता मान्यवर श्री कांशीराम जी तथा स्वयं अपना उदाहरण देते हुए कहा कि पार्टी के सर्वाेच्च नेताओं ने अपना पूरा जीवन पूरे देश में दलितों, पिछड़ों, शोषितों एवं दुःखी-पीड़ित लोगों के मान-सम्मान के लिए समर्पित कर दिया। उन्होंने कहा कि देश की राजनीति में परिवारवाद की नींव रखने वाली कांग्रेस पार्टी के नेताओं को दूसरों पर आरोप लगाने से पहले अपना रिकार्ड देख लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि इन सब मामलों में सपा, बी0जे0पी0 सहित अन्य विरोधी पार्टियों का भी यही रवैया देखने को मिलता है। इसके अलावा माननीया मुख्यमंत्री जी ने कांग्रेस अधिवेशन के दौरान प्रदेश की स्थिति तथा बी0एस0पी0 सरकार की कार्यशैली के सम्बन्ध में लगाये गये आरोपों पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा है कि कांग्रेस पार्टी अपनी 38 वर्ष के लम्बे शासनकाल के दौरान यदि सभी वर्गाें का ध्यान रखती तो बी0एस0पी0 के गठन की जरूरत भी नहीं पड़ती। उन्होंने कहा कि बी0एस0पी0 देश की इकलौती ऐसी पार्टी है, जिसकी सरकार ने कानून तोड़ने वाले लोगों के खिलाफ, बगैर किसी पक्षपात के विधि सम्मत कार्यवाही की है। यहां तक कि कानून तोड़ने वाले अपनी ही पार्टी के विधायकों, सांसद तथा मंत्री तक को जेल की सलाखों के पीछे करने में कोई संकोच नहीं किया है। राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि जहां तक विकास कार्याें में राज्य सरकार द्वारा बाधा उत्पन्न करने का मुद्दा उठाया गया है, इस सम्बन्ध मेंं वास्तविकता यह है कि यू0पी0ए0 सरकार लगातार बी0एस0पी0 सरकार के प्रति पिछले चार वर्षाें से लगातार भेदभाव का रवैया अपनाये हुए है, जिसके चलते तमाम योजनाओं के लिए उसने पिछले चार वर्षाें के दौरान उत्तर प्रदेश को मिलने वाली लगभग 21 हजार 835 करोड़ रूपये की धनराशि समय से नहीं जारी की है। यहां तक कि पी0पी0पी0 के माध्यम से क्रियान्वित होने वाली प्रदेश की जिन विकास परियोजनाओं के लिए केन्द्र सरकार को कोई धनराशि प्रदान नहीं करनी थी और मात्र इन्हें अपनी स्वीकृति ही देनी थी, ऐसी परियोजनाओं को भी केन्द्र ने मंजूरी नहीं दी। सुश्री मायावती जी ने यह भी कहा है कि प्रदेश से उद्योगों का पलायन नहीं हुआ है, लेकिन रायबरेली, सुल्तानपुर एवं छत्रपति शाहूजी महाराज नगर में तमाम फैक्ट्रियां जरूर बंद पड़ी हैं, जिन्हें चालू करने के लिए राज्य सरकार ने केन्द्र से 05 हजार करोड़ रूपये के विशेष आर्थिक पैकेज की मांग की थी, जो आज तक लम्बित चल रही है। उन्होंने कहा कि बुनकरों के लिए केन्द्र द्वारा 03 हजार करोड़ रूपये का जो विशेष पैकेज घोषित किया है, उसके सम्बन्ध में राज्य सरकार को कोई जानकारी नहीं है कि यह पैकेज कब और किसे दिया गया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के प्रयासों के चलते ही रेशम के धागों की कीमत में 30 प्रतिशत की छूट मिली है। माननीया मुख्यमंत्री जी ने कहा कि बुन्देलखण्ड आज से ही पिछड़ा नहीं है। सत्ता में आते ही बी0एस0पी0 सरकार ने प्रदेश के विकास एवं बुन्देलखण्ड तथा पूर्वांचल का पिछड़ापन दूर करने के लिए केन्द्र सरकार से 80 हजार करोड़ रूपये का विशेष आर्थिक सहायता पैकेज की मांग की थी, जिसका आज तक कोई सकारात्मक निर्णय केन्द्र ने नहीं लिया। उन्हांेने कहा कि इसी पैकेज में बुन्देलखण्ड क्षेत्र के समग्र विकास के लिए 11 हजार करोड़ रूपये तथा पूर्वांचल के विकास हेतु 36 हजार करोड़ रूपये के प्रस्ताव शामिल थे। उन्होंने कहा कि प्रदेश के पिछड़े इलाकों के हमदर्द बनने वाले लोगों को यह बताना चाहिए कि उनकी केन्द्र सरकार ने आज तक इस पैकेज की मंजूरी के लिए क्या किया। सुश्री मायावती जी ने कहा कि बुन्देलखण्ड क्षेत्र के लिए केन्द्र सरकार बड़े जोर-शोर से 07 हजार करोड़ रूपये के जिस विशेष पैकेज की बात कह रही है, इसकी सच्चाई यह है कि इसमें 3500 करोड़ रूपये की धनराशि 3 साल में उपलब्ध कराने की बात कही गयी है। वास्तव में इस पैकेज के तहत 1600 करोड़ रूपये की ही धनराशि उपलब्ध करायी जा रही है और शेष धनराशि केन्द्र की पूर्व से चालू योजनाओं के माध्यम से उपलब्ध होनी है। उन्होंने कहा कि बी0एस0पी0 पिछले 22 वर्षाें की सम्पूर्ण अवधि के दौरान यहां की सरकारों का ठेका तो नहीं लेती, लेकिन अपने वर्तमान शासनकाल के बारे में इतना अवश्य कहना चाहेगी कि मौजूदा सरकार सर्वजन हिताय व सर्वजन सुखाय की नीति के आधार पर अपना हर फैसला लेती है और सर्वसमाज के सभी वर्गाें का पूरा-पूरा ख्याल रखा है। माननीया मुख्यमंत्री जी ने कहा कि राज्य सरकार पर विकास न करने का झूठा आरोप लगाने वालों को शायद यह जानकारी नहीं है कि उत्तर प्रदेश में विपक्षी पार्टियों की सभी सरकारें जो विकास कार्य पिछले 40 वर्षांे में नहीं कर पायीं, उसे बी0एस0पी0 सरकार ने 04 वर्ष में करके दिखा दिया है। उन्होंने कहा कि जहां तक उत्तर प्रदेश को विकास के लिए केन्द्र द्वारा बड़ी रकम देने वाली बात की जा रही है, इस सम्बन्ध मंे सभी अवगत हैं कि केन्द्र से मिलने वाली धनराशि पर प्रदेश का संवैधानिक अधिकार है, क्योंकि केन्द्रीय कर के रूप में उत्तर प्रदेश सर्वाधिक धनराशि का योगदान करता है। जहां तक सरकारी चीनी मिलों की बिक्री का सम्बन्ध है, इसके बारे में अवगत कराना है कि राज्य सरकार ने भारत सरकार के विनिवेश सम्बन्धी दिशा-निर्देशों को अपनाकर सम्पूर्ण प्रक्रिया का पालन किया और इस दौरान पूरी पारदर्शिता बरतते हुए ओपन बिडिंग के माध्यम से कार्यवाही की गयी। राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि यू0पी0ए0 सरकार के महा घोटालों के सम्बन्ध में हो रही कार्यवाही को लेकर अपनी पीठ थपथपाने वाले लोगों को यह मालूम होना चाहिए कि घोटालों को अंजाम देने वाले लोगों के खिलाफ जो भी कार्यवाही हुई, उसका श्रेय केन्द्र सरकार को नहीं, बल्कि विपक्षी दलों को जाता है, जिन्होंने संसद की कार्यवाही को ठप्प करके यू0पी0ए0 सरकार को कार्यवाही के लिए मजबूर कर दिया। उन्होंने कहा कि स्पष्ट हो गया है कि उत्तर प्रदेश के पिछड़ेपन के लिए प्रदेश में सर्वाधिक समय तक शासन करने वाली कांग्रेस सरकारें ही पूरी तरह से जिम्मेदार हैं। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी पर संकीर्णता, भेदभाव तथा जात-पात की राजनीति करने का आरोप लगाने वाले लोगों को अपना रिकार्ड देखना चाहिए।

Comments

CAPTCHA code

Users Comment