Close X
Saturday, January 16th, 2021

प्राकृति के बिना मानव जीवन अस्तित्वहीन है : रघुवर दास

raghuvar das invc newsआई एन वी सी न्यूज़ राँची, मुख्यमंत्री श्री रघुवर दास ने आज जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग रांची विष्वविद्यालय,रांची के श्डॉ॰रामदयाल मुण्डा अखराश् विभागीय परिसर में आयोजित सरहुल महोत्सव के अवसर पर कहा कि प्राकृति के बिना मानव जीवन अस्तित्वहीन है। झारखण्ड की जनता का यह पर्व कई मायनों में अनमोल है। सरहुल हमें यह संदेष देता है कि हमारी प्रकृति जो सदैव हरा भरा हमारे जीवन को करता रहा है जिसपर हम आश्रित है यही हमारा ईष्वर है यही हमारा सबकुछ है। आज के वैष्वीकरण के युग में हमें गर्व है कि हमारे आदिवासी समाज ने हमारे पूर्खो के बताये हुए रास्ते पर चल कर प्रकृति को संरक्षण एवं संवर्धन करने कर कार्य किया है जिससे पर्यावरण को सुरक्षित रखा जा सकता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी व्यक्ति या समाज को अगर समाप्त करना है तो उसके भाषा और उसके समाज को समाप्त कर दिया जाय हमारे देष के लिए घातक होगा क्योंकी हमारी भाषा हमारी संस्कृति ही हमारी पहचान है और यही भाषा और संस्कृति हमें एक दूसरे से जोड़े रखती है। हमारी सरकार हमारे राज्य की भाषा और संस्कृति को आगे बढ़ाने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी और इसमें जो भी कमिया हैं उन कमियों को दूर किया जायेगा। हम राज्य के स्कूल कॉलेजों से में भाषा को ध्यान में रखते हुए षिक्षकों की कमियों को तो पूरा करेंगे ही साथ साथ स्थानीय भाषा पर षिक्षकों की नियुक्तियां करेंगे।  झारखण्ड की जनता को मैं शुक्रगुजार हूुं कि उन्हांेने हमें बहुमत की सरकार दी ताकि हम उनकी अपेक्षाओं पर खरा उतर सकें। उन्होंने कहा कि यह सत्य है कि हमारे राज्य की शैक्षणिक स्थिति सही नहीं है खासकर आदिवासी क्षेत्रों में षिक्षा का घोर आभाव है वहां के बच्चे कक्षा 6 कक्षा 8 तक के बच्चे ज्यादा ड्रॉप आउट हो रहे हैं इसलिए सरकार ने यह फैसला लिया है कि हम गांव गांव जाकर वैसे बच्चों को फिर से उन्हें स्कूल पहुंचाने का काम करेगें जिसके लिए हम प्रतिबद्ध हैं। हमें राज्य के विकस के लिए काफी कार्य करने हैं हमें आपके सहयोग की जरूरत है। हमारे लोगों को अपने अधिकार के साथ राज्य के प्रति अपने कर्तव्य को भी समझने की जरूरत है ताकि हम एक विकसित राज्य की परिकल्पना को साकार कर सकें। हमारे राज्य के षिक्षित वर्ग को यह समझना होगा कि एक मनुष्य होने के नाते हम कैसे अपने अन्दर के ज्ञान को दूसरों तक पहुंचाकर इस राज्य के लिए अपना योगदान दे सकते हैं। मुझे आपके सहयोग की जरूरत है बल्कि राज्य के हर व्यक्ति जो यह चाहता है कि उसका राज्य विकास के पथ पर अग्रसित होे तो हमें अपने सुझाव जरूर भेजे। हम उन सुझावों को अमल में लाने का काम करेंगे। हमने इसी को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री आवास में एक आई॰टी॰सेल का निर्माण करा रहे हैं जहां कोई भी अधिकारी आपसे घूस मांगता है तो हमें सूचना दे हम 24 घंटे के अंदर कार्रवाई करेंगे। हम इस बार अपना बजट गांव में बैठकर बनायेंगे। जिन लोगों ने भी झारखण्ड के लिए बलिदान दिया है उनके बलिदान को जाया नहीं होने दिया जायेगा ये मेरा आपसे वादा है। हम सूचना ज्ञान आधारित युग में जी रहे हैं और आज के इस वैष्वीकरण  के इस युग में पूरी दुनिया के साथ कदम से कदम मिला कर चलने की आवष्यकता है नही तो हम पीछे रह जायेंगे। उन्होंने कहा कि आज डीग्री से ज्यादा हुनर की जरूरत है हुनर है तो कदर है और इसी को ध्यान में रखते हुए हमने अपने राज्य के पढ़े लिखे कम पढ़े लिखे बेरोजगार युवक युवतियों के लिय कल ही एक एम॰ओ॰यू पर हस्ताक्षर किया है जिससे कि हमारे यहां के युवक युवतियों कौषल विकास के माध्यम सेे एक अच्छा रोजगार मिल सके । मुख्यमंत्री ने पूरे राज्य की जनता को सरहुल पर्व के अवसर पर अपनी ढेर सारी शुभकामनायंे देते हुए कहा कि सरहुल का यह पर्व आपके जीवने में खुषिया लाये और आने वाला यह नया वर्ष आप सबके जीवन प्राकृतिक छटा बिखेरते हुए आनंदित करे। इस अवसर पर षिक्षा मंत्री डॉ नीरा यादव,हटिया के स्थानीय विधायक श्री नवीन जायषवाल,रांची विष्वविद्यालय के कुलपति श्री पो॰डॉ रमेष कुमार पाण्डेय ने भी सरहुल के अवसर पर अपने अपने विचार रखते हुए सभी लोगों को अपनी ओर से प्रकृति के इस पर्व पर ढेर सारी शुभकामनाएं दी। जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग के छात्र,छात्राआंे ने परिसर में उपस्थित मुंडारी,संताली,नागपुरी सहित अन्य क्षेत्रिय भाषाओं में गीत नृत्य प्रस्तुति देकर सबबे मन को मोह लिया। इस अवसर पर कोलहान विवष्विधालय के कुलपति,सहित रांची विष्वविद्यालय के वरीय षिक्षकगण उपस्थित थे।

Comments

CAPTCHA code

Users Comment