नई दिल्ली : अगर आपका अकाउंट स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) की किसी भी ब्रांच में है तो यह खबर आपके काम की है. जी हां, सार्वजनिक क्षेत्र का देश का सबसे बड़ा बैंक एसबीआई (SBI) जल्द ही प्लास्टिक डेबिट कार्ड को बंद करने की योजना पर काम कर रहा है. एसबीआई की योजना अगले आने वाले समय में डिजिटल पेमेंट सर्विस को बढ़ावा देने की है. बैंक की तरफ से इस योजना पर तेजी से काम किया जा रहा है और एसबीआई का लक्ष्य है कि 18 महीने बाद सभी ATM कार्ड को बंद कर दिया जाए.

देशभर में 90 करोड़ डेबिट कार्ड
एसबीआई चेयरमैन रजनीश कुमार ने बताया कि हमारी योजना डेबिट कार्ड को विद ड्रा करने की है. हमें पूरी तरह उम्मीद है कि हम इस योजना में कामयाब होंगे. डेढ़ साल बाद ये कार्ड काम करना बंद कर देंगे. इसके बाद सिर्फ डिजिटल पेमेंट सर्विस ही काम करेगी. उन्होंने बताया कि देश में 90 करोड़ डेबिट कार्ड और 3 करोड़ क्रेडिट कार्ड हैं.

योनो के जरिये निकलेगा ATM से पैसा
कुमार ने बताया कि डिजिटल पेमेंट गेटवे 'YONO' प्लेटफॉर्म की डेबिट कार्ड मुक्त देश बनाने में अहम भूमिका होगी. कुमार ने कहा योनो के जरिये ATM मशीनों से नकदी निकाली जा सकेगी. साथ ही आप खरीदारी भी कर सकेंगे. बैंक पहले ही 68,000 'योनो कैशपॉइंट' की स्थापित कर चुका है और अगले 18 महीने में इसे 10 लाख करने की योजना है.

मार्च में 'योनो कैश' सेवा शुरू
गौरतलब है कि एसबीआई ने इसी साल मार्च में 'योनो कैश' सेवा शुरू की है, जो ग्राहकों को बिना डेबिट कार्ड पैसे निकालने की सुविधा देता है. यह आसान होने के साथ ही सुरक्षित भी है. शुरुआत में यह सुविधा 16,500 एटीएम में उपलब्ध थी, धीरे-धीरे बैंक सभी एटीएम को इस सुविधा के लिए अपग्रेड कर रहा है.एसबीआई चेयरमैन ने कहा आने वाले सालों में क्रेडिट कार्ड आपकी जेब में स्टैंड-बॉय के तौर पर होगा. आने वाले पांच सालों में आपको जेब में प्लास्टिक कार्ड रखने की जरूरत महसूस नहीं होगी. उन्होंने कहा फिलहाल भी क्यूआर कोड भुगतान करने के लिए बेहद सुरक्षित और सुविधाजनक तरीका है.PLC.