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Wednesday, October 21st, 2020

उत्तराखंड का सहकारिता प्लान तैयार किया जाए : मुख्यमंत्री

harish rawat ,chief minister harish rawat,invc newsआई एन वी सी न्यूज़ देहरादून, , प्रदेश का सहकारिता प्लान तैयार किया जाए। बदली हुई परिस्थितियों के अनुरूप सहकारी बैंकों को भी अपने में परिवर्तन लाना होगा। कृषि, पशुपालन, हैंडलूम, हाॅर्टीकल्चर आदि में सरकार की विभिन्न योजनाओं में सहकारी बैंक अपनी भूमिका बढाएं। एक स्थानीय होटल में नाबार्ड द्वारा आयोजित राज्य सहकारी बैंक व जिला सहकारी बैंकों के अध्यक्षों की कार्यशाला  में बतौर मुख्य अतिथि बोलते हुए मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा कि सहकारी संस्थाओं को कार्य करने की स्वायŸाा दी जानी चाहिए। मुख्यमंत्री ने सहकारी संस्थाओं को ग्रामीण ऋण व्यवस्था का आधार बताते हुए कहा कि मृतप्राय सहकारी संस्थाओं को पुनर्जीवित करने व विकास कार्यों में सहकारी बैंकों की भागीदारी सुनिश्चित किए जाने की आवश्यकता है। सक्षम सहकारी संस्थाओं, असक्षम संस्थाओं व मृतप्राय सहकारी संस्थाओं के लिए सहकारिता प्लान बनाया जाए। सहकारी संस्थाओं को आर्थिक दृष्टि से सक्षम बनाना होगा।  सीएम ने कहा कि वैद्यनाथन समिति की रिपोर्ट में कई बिंदु ऐसे हैं जिन्हें लागू किया जा सकता है। उन्होंने नाबार्ड से भी अनुरोध किया कि सहकारी संस्थाओं की मजबूती के लिए सक्रिय सहयोग करे। मुख्यमंत्री ने सचिव सहकारिता विजय ढौढि़याल को निर्देश दिए कि राज्य का वार्षिक सहकारिता प्लान तैयार करें। इसमें सहकारी संस्थाओं का भी सहयोग लिया जाए। राज्य के विकास में सहकारी बैंक महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। कृषि, पशुपालन, हैंडलूम, हाॅर्टीकल्चर आदि में सरकार की अनेक योजनाएं संचालित हैं। इनमें लाभार्थियों को 80 फीसदी तक सब्सिडी सरकार द्वारा दी जाती है। सहकारी बैंक गैप फण्डिंग उपलब्ध करवा सकते हैं। सीएम ने कहा कि दूसरे क्षेत्रों की बजाय सरकारी योजनाओं में सहकारी बैंकों के ऋण अधिक सुरक्षित होंगे। सब्सिडी सरकार द्वारा उपलब्ध करवाई जाती है। सहकारी बैंकों को केवल गैप फण्ड की रिकवरी ही देखनी होगी। सहकारी बैंकों को ऋण उपलब्ध करवाने के साथ ही लाभार्थियों के लिए मार्केटिंग की योजना तैयार करनी चाहिए। सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की सफल क्रियान्विति के लिए राज्य सरकार, सहकारी संस्थाएं व संबंधित विभाग भागीदार के रूप में काम कर सकते हैं। बैठक में राज्य सभा सांसद महेंद्र माहरा, नाबार्ड के सीजीएम सीपी मोहन सहित राज्य सहकारी बैंक व जिला सहकारी बैंकों के अध्यक्ष उपस्थित थे।

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