हमारे परमाणु वैज्ञानिक और प्रौद्योगिकीविद किसी से कम नहीं : प्रधानमंत्री

Published on March 30, 2011 by   ·   No Comments Print This Post Print This Post

आई.एन.वी.सी.,,
दिल्ली,,

प्रधानमंत्री डॉ मनमोहन सिंह ने आज यहां आणविक ऊर्जा विभाग के चार सर्वाधिक विशिष्ठ वैज्ञानिकों को आजीवन उपलब्धि पुरस्कार से, 2009 सम्मानित किया। इन वैज्ञानिकों के नाम हैं- श्री एन श्रीनिवासन, डॉ वी के ईया, प्रोफेसर ओबैद सिद्दीकी और श्री वी के मेहरा । सम्मानित वैज्ञानिकों और उनके परिवारों को हार्दिक बधाई देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत ने परमाणु रिएक्टरों के डिजाइन, विकास, निर्माण, संचालन और रखरखाव से संबंधित सभी वैज्ञानिक और तकनीकी पहलुओं में तथा उससे संबंधित ईंधन की चक्र सुविधाओं के बारे में अपनी क्षमताओं को पूरी तरह प्रदर्शित किया है। हम इस सफलता के लिए डॉक्टर होमी भाभा द्वारा शुरू किये गये तीन स्तरीय कार्यक्रम को श्रेय देते हैं।

डॉ मनमोहन सिंह ने कहा कि भारत अब अंतर्राष्ट्रीय असैनिक परमाणु सहयोग का सक्रिय भागीदार है। इससे भारत को नये अवसर प्राप्त हुए हैं और नयी चुनौतियां भी मिली हैं। उन्होंने कहा कि उन्हें विश्वास है कि अंतर्राष्ट्रीय सहयोग के कपाट खुलने से हमें अपनी ऊर्जा सुरक्षा को बढ़ाने के प्रयासों में सहायता मिलेगी।

जापान में फुकुशिमा परमाणु ऊर्जा सयंत्र की दुर्घटना की चर्चा करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि इस दुर्घटना ने बिजली के स्रोत के रूप में परमाणु ऊर्जा की सुरक्षा के बारे में विश्वव्यापी चिंता पैदा कर दी है और इन चिन्ताओं का समाधान अत्यधिक महत्वपूर्ण है।

उन्होंने कहा कि भारत के लोगों को हमारे परमाणु ऊर्जा सयंत्रों की सुरक्षा के बारे में विश्वास में लेना जरूरी है। हमें अपने परमाणु ऊर्जा कार्यक्रम से संबंधित निर्णय लेने की प्रक्रियाओं में अधिक पारदर्शिता लानी चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार हमारे सयंत्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक उपाय करेगी। मैंने पहले ही अपने परमाणु ऊर्जा सयंत्रों की सभी सुरक्षा प्रणालियों की तकनीकी सुरक्षा के निर्देश दिये हैं। भारत में भविष्य में निर्मित होने वाले परमाणु सयंत्रों को भारतीय नियामक प्राधिकरण से प्रमाणित कराना होगा और उनके सुरक्षा मानकों को पूरा करना होगा। यह विदेशों से आयात किये जाने वाले परमाणु सयंत्रों और प्रौद्योगिकियों पर भी बराबर लागू होगा।

प्रधानमंत्री ने अपने भाषण के अंत में कहा कि हमारे परमाणु वैज्ञानिक और प्रौद्योगिकीविद किसी से कम नहीं हैं। उनके पिछले रिकार्ड ने सिद्ध कर दिया है कि उन्होंने सदा चुनौतियों का सफलता पूर्वक सामना किया है। डॉ मनमोहन सिंह ने विश्वास व्यक्त किया कि हमारे वैज्ञानिक अपने देश के लाभ और कल्याण के लिए श्रेष्ठता की नयी ऊंचाइया प्राप्त करेंगे और इसमें उन्हें सरकार का पूरा समर्थन प्राप्त होगा।

Twitter del.icio.us Digg Facebook linked-in Yahoo Buzz StumbleUpon

Tags:  , , , , , , , ,

Readers Comments (0)




Please note: Comment moderation is enabled and may delay your comment. There is no need to resubmit your comment.

Weboy
Free WordPress Themes